LPG गैस एजेंसी कैसे खोलें How to Open New LPG Gas Agency

216

LPG गैस एजेंसी कैसे खोलें 2022 में – गैस एजेंसी कैसे खोले। आप भारत गैस, एचपी गैस और इंडेन गैस की एजेंसी कैसे खोल सकते है?
एक समय था जब खाना बनाने के लिए चूल्हा फूंकना पड़ता था लेकिन अब समय बदल चुका है और आज लगभग हर घर मे एलपीजी गैस चूल्हा है। आज प्रधानमंत्री उज्जवला योजना (PM Ujjwala Yojana) के द्वारा भारत के करोड़ों गरीब परिवार के पास एलपीजी गैस कनेक्शन है। अब इतने ज्यादा कनेक्शन और हो जाने की वजह से अब एलपीजी गैस सिलेंडर की खपत भी पहले से कई गुना बढ़ चुकी है जो आगे चलकर और ज्यादा बढ़ने वाली है। LPG Gas Agency kaise khole

बता दे कि पीएम नरेंद्र मोदी ने कुछ समय पहले ही उज्जवला योजना 2.0 लॉन्च किया है। इस योजना के तहत अब वित्तीय वर्ष 2021-22 में एक करोड़ नये एलपीजी गैस कनेक्शन बांटे जाने का लक्ष्य रखा गया है. इसका मतलब हुआ कि आने वाले समय मे पहले की तुलना है अब ज्यादा गैस सिलेंडर की जरूरत पड़ेगी। बता दे कि पहले से जो गैस एजेंसिया चल रही है उन पर अब ज्यादा बोझ पड़ने वाला है और इसी के चलते नई गैस एजेंसियां भी खोली जाएंगी।

आज के समय मे एक गैस एजेंसी खोलना एक अच्छा बिजनेस साबित होगा. काफी सारे लोग गैस एजेंसी खोलने के बारे में सोचते है लेकिन उन्हें इस बारे कोई जानकारी नही होती है, इसीलिए आज हम आपको बताएंगे कि आप कैसे एलपीजी गैस एजेंसी खोल सकते है यानी कि आप कैसे भारत गैस, इंडने या एचपी गैस की डिस्ट्रीब्यूटरशिप ले सकते है।

गैस एजेंसी खोलने के लिए क्या योग्यता होनी चाहिए

आपका कम से कम 10th पास होना बहुत जरूरी है।
एलपीजी गैस एजेंसी (LPG Gas Agency) खोलने या डिस्ट्रीब्यूटरशिप के लिए आपका भारतीय नागरिक होना जरूरी है।
आपकी आयु 21 साल से लेकर 60 साल के बीच होनी जरूरी है।
आपके परिवार का कोई भी मेंबर ऑयल मार्केटिंग कंपनी में काम नहीं कर रहा हो।
इसके अलावा आफिस के लिए आपके पास पर्याप्त जगह होनी चाहिए।
सबसे जरूरी आपके पास गैस सिलेंडर रखने या भंडारन के लिए एक बड़ी जगह यानी की गोदाम होना चाहिए।

कौनसी कंपनीया डिस्‍ट्रीब्‍यूटरशिप देती है

आपकी जानकारी के लिए बता दे कि फिलहाल देश मे एलपीजी गैस की तीन कंपनियां है, जिसमे भारत पेट्रोलियम भारत गैस के लिए डिस्‍ट्रीब्‍यूटरशिप देती है, ऐसे इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन लिमिटेड, इंडेन गैस की डिस्‍ट्रीब्‍यूटरशिप देती है। जबकि हिंदुस्तान पेट्रोलियम एचपी गैस के लिए डिस्‍ट्रीब्‍यूटरशिप देती है। बता दे कि ये तीन कंपनियां समय समय पर नए डिस्‍ट्रीब्‍यूटर बनाने के लिए आवेदन आमंत्रित करती रहती हैं।

इसके अलावा ग्रामीण इलाकों में गैस डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क को मजबूत बनाने के लिए सेंट्रल गवर्मेंट की राजीव गांधी ग्रामीण एलपीजी डिस्ट्रीब्यूशन योजना (RGGLV) के तहत भी आवेदन आमंत्रित किए जाते रहते हैं। एलपीजी गैस कंपनी विज्ञापन या नोटिफिकेशन में एजेंसी और गोदाम की जमीन के लिए वार्ड या मुहल्‍ला या फिर निश्चित स्‍थान के बारे में बताती हैं।
इंटरव्यू और वेरिफिकेशन है।

बता दे कि एलपीजी कंपनियां ऑफलाइन या ऑनलाइन एप्‍लीकेशन आमंत्रित कर सकती हैं और एप्लीकेशन के बाद एक तय दिनाक पर आवेदक का इंटरव्यू लिया जाता है। इनमे के पैरामीटर्स के आधार पर आवेदक को नंबर्स मिलते है और साथ ही इसी आधार पर कैंडिडेट का इवैल्‍युएशन किया जाता है। इंटरव्यू लेने के बाद इसका रिजल्‍ट जारी किया जाता है।
अब बारी आती है मेरिट लिस्ट की, यानी कि मैरिट लिस्ट में नाम आ जाता है तो इसके बाद एलपीजी गैस कंपनी का एक पैनल सभी कैंडिडेट्स द्वारा एप्लीकेशन में जो जानकारी दी गयी थी उसका फील्ड वैरिफिकेशन करते है। बता दे कि इसमें गोदाम, जगह या जमीन आदि से लेकर और भी अन्य मानकों की जांच पड़ताल होती है।

इस पूरी प्रोसेस के पूरी हो जाने के बाद को कैंडिडेट इनमे सफल हो जाता है तो फिर उसे उसके एरिया के हिसाब से गैस एजेंसी अलॉट की जाती है, साथ ही उन्हें एलपीजी गैस एजेंसी शुरू करने के लिए एक तय समय-सीमा दी जाती है जिसके अंदर उन्हें काम शुरू करना होता है।

किन्हें दी जाती है प्राथमिकता

एलपीजी गैस एजेंसी में कुछ लोगो की प्राथमिकता भी दी जाती है। बता दे कि गैस एजेंसी के लिए सरकार द्वारा जो मानक तय किये गए है उनके आधार पर ही प्राथमिकता मिलती है। यहां सामान्य केटेगरी के कैंडिडेट्स के लिए 50% रिजर्वेशन होता है. जबकि अनुसूचित जाति, जनजाति के लोगों के लिए भी नियम के अनुसार आरक्षण दिया जाता है। इसी तरह भूतपूर्व सैनिक, पुलिस सेवा, स्‍वतंत्रता सेनानी, सशस्‍त्र बल, राष्ट्रीय खिलाड़ियों और सामाजिक रूप से अक्षम लोगों को भी सरकार के नियमानुसार प्राथमिकता मिलती है।